पराली जलाने को लेकर प्रशासन सख्त


जनपद प्रयागराज जिला प्रशासन पराली जलाये जाने की घटना को गम्भीरता से ले रही है। जिलाधिकारी महोदय द्वारा निर्देशित किया गया है कि पराली जलाने वाले किसानों पर केवल चेतावनी या अर्थदण्ड ही  नही लगाया जायेगा बल्कि सभी के विरूद्व प्राथमिकी दर्ज कराया जायेगा। पराली जलाने पर रोक लगाने के बाद भी किसान नही मान रहे है। जनपद में 23 स्थानों पर पराली जलाने की घटना प्रकाश में आयी है।  जिला प्रशासन द्वारा संबंधित किसानों पर आर्थिक दण्ड के साथ-साथ थ्प्त् दर्ज कराने की कार्यवाही की जा रही है। पर्यावरण संरक्षण के मद्देनजर पराली जलाने पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल एवं मा0 सुप्रीम कोर्ट का रूख सख्त है। इसी के चलते स्थानीय प्रशासन भी लगातार सक्रिय है। पराली जलाने वाले किसानों के विरूद्व लगातार कार्यवाही की जा रही है। प्रशासन के निर्देश के क्रम में 2 एकड तक रू0 2500/-, 5 एकड तक रू0 5000/- एव ंइससे अधिक भूमि पर रू0 15000/- का अर्थदण्ड वसूल करने का प्राविधान है। यह जुर्माना प्रभावित जमीन के अनुसार वसूला जायेगा। कृषि विभाग द्वारा किसानों को पराली न जलाने हेतु लगातार जागरूक किया जा रहा है। उन्हें पराली जलाने के अलावा फसलों के अवशेष हटाने के अन्य विकल्प भी बताये जा रहे है। इसका असर भी हुआ है। इसके बावजूद कई किसान अब भी पराली जला रहे है। उनके विरूद्व कार्यवाही की जा रही है। जिलाधिकारी महोदय द्वारा निर्देशित किया गया कि उप जिलाधिकारी, तहसीलदार एवं पुलिस क्षेत्राधिकारी भ्रमणशील रहकर इस पर नजर रखें।